The Fear of Death and the False Identity of the Ego

डॉ मुकेश 'असीमित' Mar 3, 2026 Darshan Shastra Philosophy 0

The fear of death does not arise from death itself, but from the ego’s false identification with body, mind, and memory. When we mistake the changing for the self, insecurity and fear follow. Freedom begins the moment we recognize ourselves as the witness—not the role, not the form, but the aware presence behind them.

लेखक की साहित्यिक होली

डॉ मुकेश 'असीमित' Mar 2, 2026 व्यंग रचनाएं 0

“रंग लगाने गया था, पर हर दरवाज़े पर रंगों की परिभाषा बदल गई। संपादक ने रंग सुरक्षित रख लिए, समीक्षक ने विमर्श पूछ लिया, आलोचक ने कालजयी होने की शर्त लगा दी। अंततः बचा हुआ गुलाल घर की चौखट पर ही काम आया।”

Free Will Exists… and Yet It Does Not

डॉ मुकेश 'असीमित' Mar 1, 2026 English-Write Ups 0

Free will is not the freedom to control the universe. It is the subtle power to choose between instinct and awareness, between falling into habit and rising toward truth. Within the cosmic order, your direction remains your responsibility.

राष्ट्रीय विज्ञान दिवस : प्रयोगशाला से समाज तक की यात्रा

डॉ मुकेश 'असीमित' Feb 28, 2026 Science Talk (विज्ञान जगत ) 0

28 फरवरी केवल एक तिथि नहीं, बल्कि भारतीय वैज्ञानिक आत्मविश्वास का प्रतीक है। डॉ. सी.वी. रमन की साधारण प्रयोगशाला से निकली खोज ने विश्व वैज्ञानिक मानचित्र को बदल दिया। आज आवश्यकता है कि विज्ञान को विषय नहीं, विचार बनाया जाए और जिज्ञासा को समाज की चेतना में स्थान दिया जाए।

एप्सटीन फाइल्स: सत्ता, सेक्स और नैतिकता का गहरा अंधकार

डॉ मुकेश 'असीमित' Feb 28, 2026 News and Events 0

एप्सटीन फाइल्स केवल एक व्यक्ति की कहानी नहीं, बल्कि उस मानसिकता का आईना हैं जो शक्ति और धन के शिखर पर बैठकर खुद को अजेय मान बैठती है। यह लेख सत्ता, सेक्स और नैतिकता के जटिल संबंधों को मनोवैज्ञानिक और सामाजिक संदर्भ में परखता है।

महिलाओं की टीवी बहस!

Ram Kumar Joshi Feb 26, 2026 हास्य रचनाएं 1

एक ज्वलंत विषय पर बहस करवाने की योजना स्टूडियो प्रबंधन के लिए अप्रत्याशित परीक्षा बन गई। वर्णमाला क्रम, विशेषज्ञता और समय-सारिणी सब धरी रह गईं—और बहस का मंच देखते ही देखते शक्ति प्रदर्शन में बदल गया।

अयोध्या और लंका के बीच मनुष्य का धर्म

डॉ मुकेश 'असीमित' Feb 26, 2026 Darshan Shastra Philosophy 0

अयोध्या हमारी पहचान है, लंका हमारी उपलब्धि। धर्म इन दोनों के पार है—जहाँ साहस और विवेक मिलते हैं। रामत्व अधिकार से बड़ा है, और सत्ता से मुक्त होने का नाम है।

नकल में नवाचार

डॉ मुकेश 'असीमित' Feb 25, 2026 व्यंग रचनाएं 0

“हम इसे चोरी मानते ही नहीं। हम सीना ठोककर कहते हैं—यह हमारा मौलिक अधिकार है। हमने तो छह दिखाया था, आपने नौ समझ लिया तो यह आपकी दृष्टि-दोष है।” “हम विचारों की खेती कम और प्रतिलिपियों की फसल अधिक उगाते हैं।”

पटिया संस्कृति का पटाक्षेप !

Prem Chand Dwitiya Feb 24, 2026 व्यंग रचनाएं 0

कभी पटिए पर बैठकर शहर की राजनीति, समाज और संस्कार तय होते थे; अब वही चर्चाएँ व्हाट्सएप और इंस्टाग्राम की स्क्रीन पर सिमट गई हैं। पटिया संस्कृति का यह पटाक्षेप समय की विडंबना है।

जूता बचाओ, शादी बचाओ अभियान

डॉ मुकेश 'असीमित' Feb 24, 2026 व्यंग रचनाएं 0

तलाक का असली कारण अब ईगो या संवादहीनता नहीं, दूल्हे का जूता घोषित हो चुका है। शादी में जूता चुराई नहीं, मानो वैवाहिक सत्ता परिवर्तन का शंखनाद हो गया हो।