पायोजी मैंने ,सिलेंडर पायो ,!
वैश्विक युद्ध की चिंगारी जब चूल्हे तक पहुँची, तो गैस सिलेंडर अचानक ‘राम रतन धन’ बन गया—और आम आदमी लाइन, लाचारी और व्यंग्य के बीच झूलता रह गया।
वैश्विक युद्ध की चिंगारी जब चूल्हे तक पहुँची, तो गैस सिलेंडर अचानक ‘राम रतन धन’ बन गया—और आम आदमी लाइन, लाचारी और व्यंग्य के बीच झूलता रह गया।