“आलोचना प्रशंसा” हिंदी कविता महादेव प्रेमी

Mahadev Prashad Premi May 25, 2020 Poems 0

“आलोचना प्रशंसा”कुण्डली 8 चरण आलोचना अरु प्रशंसा,एक दूजे विपरीत,करते सव ही है सदा,यह दुनियां की रीत, यह दुनियां की रीत,न रीझ प्रशंसा सुनकर,निंदा कोई करै,कभी नहिं बोल उवल कर, स्तुती करने वालों, को मौका ना मिलेगा,निंदा करने चले,उ का सर ज़मीं झुकेगा, “प्रेमी” जग की रीत,देख मैंने की मन्शा,रीझो उवलो नांहि ,कि सुन आलोच प्रशंसा। […]

Eid Mubarak Bhaijaan-ईद मुबारक भाई जान

डॉ मुकेश 'असीमित' May 25, 2020 Important days 1

Eid al-Fitr, also called the “Festival of Breaking the Fast”, is a religious holiday celebrated by Muslims worldwide that marks the end of the month-long dawn-to-sunset fasting of Ramadan On Sunday, the 30th Rosa of Ramadan ul Mubarak was completed by Rojedars. With this, Eid’s moon has become visible. The zeal to see the moon […]

“नित सुवह से शाम” हिंदी कविता

Mahadev Prashad Premi May 24, 2020 Poems 0

“नित सुवह से शाम”कुण्डली 8चरण नित सुवह से श्याम तक,उछल कूद हुडदंग,योवन तक धूमिल हुए,बचपन के सव रंग, बचपन के रंग भूल,राह कुछ ऐसी पकड़ी,तीन चीज रहि याद,नमक तेलहि अरु लकडी, गिल्ली डंडा और,कबड्डी दौड रेल में,चोर सिपाही खो कि,सु मस्ती बनी खेल में, “प्रेमी”योवन साथ,हुए सव पारिवारिक काम,धूमिल हुआ बचपन,खेला नित सुवह से शाम। […]

Easy home remedies to avoid heatstroke in summer

डॉ मुकेश 'असीमित' May 24, 2020 Lifestyle 0

Easy home remedies to avoid heat stroke in summer By the way, you are alert in many ways to avoid heat, sun and heat and also make every effort to avoid them. But in spite of all these, if you feel sunstroke, or if you feel sick when the body heat increases, then you must […]

“सुख अरु शान्ति ” हिंदी कविता

डॉ मुकेश 'असीमित' May 24, 2020 Poems 0

कविता शीर्षक “सुख अरु शांति” मानव मन को सच्ची शांति का मार्ग दिखलाती है. कविता का भावार्थ है की हे मनुष्य तू जहा शांति खोज रहा है,बाहर संसार के भौतिक सुखो में शांति पाना असंभव है. असली शांति मनुष्य को तभी मिलेगी जब वो अपने अन्दर झांक कर देखेगा. “सुख अरु शान्ति “कुण्डली 8चरण सुख […]

“चिड़ियों को दाना” हिंदी कविता महादेव प्रेमी

डॉ मुकेश 'असीमित' May 24, 2020 Poems 0

“चिडियों को दाना “हिंदी कविता कुंडीली विधा ८ चरण में प्रस्तुत है. कविता का भावार्थ छल और कपट द्वारा मनुष्य जिस तरह एक दुसरे को धोखा दे रहे है ,उसको दर्शाती हुई है. “चिड़ियों को दाना”कुण्डली8चरण चिड़ियों को दाना दिखा,पैर पकड़ता जाल,लोभ करै संसार में,कुछ ऐसा ही हाल, कुछ ऐसा ही हाल,लोभ वश होता रहता,लोभ […]

याद आ रही है जयपुर की वो शाम !

डॉ मुकेश 'असीमित' May 23, 2020 Poems 0

पंडित की कुल्फी , लाला की पताशी , मुरली का पान , जयपुर वालो के दिल मे ऐसे कई नाम !संपत की कचोरी , सम्राट का समोसा , मानसरोवर से आते लोग, खाने स्वामी का डोसा !ब्रजवासी की पताशी से बनती कंवर नगर कि शाम , अनु पान वाले का चॉकलेट वाला पान !भगत जी […]

कोरोना काल में पति पत्नी की नोक झोंक -Corona couple fight

डॉ मुकेश 'असीमित' May 23, 2020 India Story \बात अपने देश की 1

कोरोना काल में बहुत कुछ बदल सकता है पर पति पत्नी के बीच सनातन काल से चली आ रही नोक झोंक की परम्परा सैदेव बनी रहेगी हा बस कुछ इस्तेमाल किये हुए शब्दों में फेरबदल हो सकता है. मसलन अब कुछ कोरोना काल के दौरान जुबान पर चढ़े शब्द कैसे काम आते है वो इस पोस्ट से देखा जा सकता है

Changing scenario of future politics and election campaign

डॉ मुकेश 'असीमित' May 23, 2020 Blogs 4

in the last several decades everything in the world has changed, the methods of fighting the war have changed, the way of working has changed, the way of travel has changed but the way of campaigning among the people has not changed. But now for the first time in history, this method of mass democracy […]

अब कुछ व्यावहारिक बाते इस कोरोना काल के लिए

डॉ मुकेश 'असीमित' May 23, 2020 Blogs 0

अब कुछ व्यावहारिक और ईमानदार बाते इस कोरोना काल के लिए,जो आपको इस कोरोना वायरस के साथ जीना सिखाएंगी. आइये घबराए नहीं,इस के साथ जीना सीखे जब तक की कोई कारगर उपाय इस संक्रमण को खत्म करने का नहीं आ जाता. शायद अभी साल भी लग सकता है ऐसे में हमे कैसे अपने आपको इन […]